नई दिल्ली : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को संसद के दोनों सदनों से भाजपा सदस्यों की गैरमौजूदगी पर नाराजगी जाहिर की, क्योंकि इससे सरकार के लिए शर्मिदगी भरी या असहज स्थिति बन गई।
संसदीय कार्य मंत्री अनंत कुमार और उनके जूनियर मुख्तार अब्बास नकवी के कोरम की कमी की समस्या उठाए जाने के बाद मोदी ने भाजपा संसदीय दल की बैठक के दौरान नाराजगी भरा बयान दिया।
भाजपा के एक सांसद के मुताबिक, अपनी प्रतिक्रिया में प्रधानमंत्री ने कहा कि वह चिंतित हैं और सदन में मौजूद सदस्यों की संख्या से संतुष्ट नहीं हैं।
सरकार को बीते सप्ताह राज्यसभा में शर्मिदगी का सामना करना पड़ा था, जब कोरम की कमी के कारण नौसैनिक के दावों के निपटान व न्यायसीमा पर एक विधेयक को नहीं लाया जा सका।
मोदी ने भाजपा सांसदों से संकल्प यात्रा के पाक्षिक कार्यक्रम की निगरानी करने और 70वें स्वतंत्रता दिवस पर अपने निर्वाचन क्षेत्र में तिरंगा यात्रा आयोजित करने का भी आह्वान किया।
अनंत कुमार ने कहा, प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि 1947 से अब तक भारत नई ऊंचाई पर पहुंचा है, लेकिन 2022 तक भारत दुनिया में गिनी जाने वाली एक शक्ति बन जाएगा।
अनंत कुमार ने कहा कि प्रधानमंत्री ने कहा है कि वे गरीबों का जीवन तीन तरीके से बदल रहे हैं। इसमें कल्याण, समाजिक सौहार्द और सुशासन शामिल हैं।
भाजपा के एक नेता के अनुसार, मोदी ने यह भी कहा कि रामनाथ कोविंद ने भारत के 14वें राष्ट्रपति के तौर पर भाजपा की यात्रा के एक ऐतिहासिक दिन शपथ ली है। यह यात्रा श्यामा प्रसाद मुखर्जी ने शुरू की और इसमें लाखों लोगों ने अपने जीवन बलिदान किया।
भाजपा संसदीय दल ने कांग्रेस के छह लोकसभा सांसदों के उद्दंड व्यवहार की निंदा की, जिन्हें सोमवार को पांच दिनों के लिए बैठक से निलंबित किया गया। इन सांसदों ने लोकसभा अध्यक्ष के आसन की तरफ कागजों को फाड़कर हवा में उछाल दिया था।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here